कुछ अनकहे लफ़्ज़ों को – Ankahe Lafj, Kuchalkar, Duriyan, Katil Shayari Status

कुछ अनकहे लफ़्ज़ों को
कुचलकर निकलती हैं,
ये दूरियां भी रोज
कातिल बनकर निकलती हैं।

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